आंध्र प्रदेश के श्रीकाकुलम जिले के काशीबुग्गा स्थित वेंकटेश्वर स्वामी मंदिर में शुक्रवार को उस समय भयावह भगदड़ मच गई जब एकादशी के अवसर पर भारी संख्या में श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचे थे। इस हादसे में कई लोगों के मारे जाने की आशंका जताई जा रही है, जबकि दर्जनों श्रद्धालु घायल हुए हैं। घायलों को तत्काल नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है।
घटना की प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, मंदिर परिसर में दर्शन के दौरान अचानक धक्का-मुक्की शुरू हो गई। भीड़ बढ़ती चली गई और कुछ श्रद्धालु गिर पड़े, जिससे भगदड़ फैल गई। मौके पर मचा कोहराम इतना भयावह था कि लोग एक-दूसरे के ऊपर गिरते चले गए।
मौके पर मौजूद लोगों द्वारा बनाया गया एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें लोग जान बचाने के लिए भागते हुए और कई श्रद्धालु एक-दूसरे के ऊपर चढ़े दिखाई दे रहे हैं। यह दृश्य रोंगटे खड़े कर देने वाला है और सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
घटना के तुरंत बाद स्थानीय प्रशासन, पुलिस और एनडीआरएफ की टीम मौके पर पहुंची और राहत एवं बचाव कार्य शुरू कर दिया। पुलिस ने मंदिर परिसर को खाली करवाया और घायल लोगों को तुरंत एंबुलेंस से अस्पताल भेजा गया।
राज्य के कृषि मंत्री के. अत्चन्नायडू भी तुरंत मौके पर पहुंचे। उन्होंने मंदिर अधिकारियों से बात कर घटना की पूरी जानकारी ली। श्रीकाकुलम जिला प्रशासन ने कहा है कि हालात अब नियंत्रण में हैं और भीड़ को व्यवस्थित किया जा रहा है।
आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने इस हादसे पर गहरा दुख व्यक्त किया है। उन्होंने सोशल मीडिया पर पोस्ट करते हुए लिखा –
“श्रीकाकुलम जिले के काशीबुग्गा स्थित वेंकटेश्वर मंदिर में भगदड़ की घटना दुखद है। श्रद्धालुओं की मृत्यु अत्यंत हृदयविदारक है। मैं मृतकों के परिवारों के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त करता हूं।”
सीएम ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि घायलों का समुचित इलाज सुनिश्चित किया जाए और जरूरत पड़ने पर उन्हें बड़े अस्पतालों में शिफ्ट किया जाए। साथ ही स्थानीय जनप्रतिनिधियों और प्रशासनिक अधिकारियों को घटनास्थल पर पहुंचकर राहत कार्यों की निगरानी करने के निर्देश दिए गए हैं।
मुख्यमंत्री कार्यालय (CMO) की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि घटना के कारणों की जांच के आदेश दिए गए हैं। सीएमओ ने बताया कि यह हादसा एकादशी के दिन श्रद्धालुओं की अत्यधिक भीड़ के कारण हुआ। फिलहाल घटना की मजिस्ट्रेट जांच के आदेश दिए गए हैं।
प्रशासन ने मृतकों के परिवारों को वित्तीय सहायता देने की घोषणा की है। वहीं पुलिस ने भीड़ नियंत्रण और सुरक्षा व्यवस्था को और कड़ा करने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया है।


