गोवा के अरपोरा इलाके में शनिवार देर रात एक नाइट क्लब में आग लगने से 25 लोगों की मौत हो गई, मरने वाले में 20 क्लब के ही कर्मचारी हैं। गोवा पुलिस ने क्लब मैनेजर सहित 4 लोगों को गिरफ्तार किया है।
CM प्रमोद सावंत ने कहा, शुरुआती जांच के मुताबिक पटाखे फोड़ने से आग लगी। कुछ लोग बाहर आ गए लेकिन कुछ नहीं आ सके, जिससे उनकी जान चली गई। पूरी जांच की जा रही है, और एक हफ्ते में रिपोर्ट मिल जाएगी। मृतक के परिजनों को 5 लाख रुपए मुआवजा दिया जाएगा।

गोवा सरकार ने नाइट क्लब को 2023 में अनुमति देने में लापरवाही के आरोप में तीन अधिकारियों पूर्व पंचायत डायरेक्टर सिद्धि तुषार हरलंकर, GSPCB की मेंबर सेक्रेटरी रहीं डॉ. शमिला मोंटेइरो और अरपोरा-नागोआ पंचायत के सेक्रेटरी रघुवीर बागकर को सस्पेंड कर दिया है।
शुरुआती जांच में पाया गया कि क्लब में फायर सेफ्टी नियमों का पालन नहीं हुआ था। अधिकारी और FSL टीम आग की वजह की जांच कर रहे हैं। प्रधानमंत्री ने हादसे पर दुख जताते हुए मृतकों के परिजनों को 2 लाख और घायलों को 50 हजार रुपए की सहायता की घोषणा की है।
किचन से शुरू हुई आग, सीढ़ियों पर मिले शव
गोवा के डीजीपी आलोक कुमार ने बताया कि 25 लोगों के शव बरामद किए जा चुके हैं। मरने वालों में ज्यादातर क्लब में काम करने वाले कर्मचारी थे। डीजीपी ने कहा- आग सबसे पहले ग्राउंड फ्लोर में बनी रसोई से क्लब के दूसरे हिस्सों में फैली। इसलिए सबसे ज्यादा शव किचन एरिया से मिले हैं। भागने की कोशिश में दो लोगों की मौत सीढ़ियों पर हुई।
CM सावंत बोले- जिम्मेदारों पर एक्शन लेंगे
CM सावंत ने X पर पोस्ट कर बताया कि आज का दिन गोवा के लिए बहुत दुखद है। अरपोरा में लगी भीषण आग में 23 लोगों की मौत हो गई। मैं बेहद दुखी हूं और इस कठिन समय में सभी पीड़ित परिवारों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करता हूं। मैंने मौके पर जाकर हालात देखे और इस घटना की जांच के आदेश दे दिए हैं।
उन्होंने बताया- जांच में यह पता लगाया जाएगा कि आग कैसे लगी और क्या वहां फायर सेफ्टी और बिल्डिंग के नियमों का सही तरह पालन किया गया था या नहीं। जो भी इस घटना के लिए जिम्मेदार होगा, उसके खिलाफ कानून के तहत कड़ी कार्रवाई की जाएगी। किसी भी तरह की लापरवाही को बिल्कुल बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।


