रामगंजमंडी (कोटा): राजस्थान के शिक्षा एवं पंचायत राज मंत्री मदन दिलावर इन दिनों अपने विधानसभा क्षेत्र रामगंजमंडी के दौरे पर हैं। राज्य सरकार के दो वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में आयोजित सुशासन पखवाड़े के कार्यक्रमों के दौरान मंत्री दिलावर का एक अलग ही आत्मीय और देसी अंदाज देखने को मिला, जिसने ग्रामीणों और खासकर महिला श्रमिकों का दिल जीत लिया।
दौरे के दौरान मंत्री दिलावर अचानक मनरेगा कार्यस्थल पर पहुंच गए और वहां काम कर रही महिला श्रमिकों से बातचीत शुरू की। उन्होंने न सिर्फ योजनाओं की जानकारी ली, बल्कि उनसे सीधे उनकी समस्याओं और अनुभवों के बारे में भी पूछा। इसी दौरान मंत्री ने हाड़ौती बोली में महिलाओं से कहा, “अरी बणा, मुंह तो रोटी खाबा आयो छू री, रोटी खुआओगी के?” मंत्री की इस सरल और आत्मीय बात पर महिलाएं मुस्कुरा उठीं।
इसके बाद मंत्री दिलावर महिला मनरेगा श्रमिकों के बीच जमीन पर ही बैठ गए और उनके टिफिन से बाजरे की रोटी व आलू-पालक की सब्जी खाई। यह दृश्य वहां मौजूद लोगों के लिए खासा भावुक करने वाला था। मंत्री के इस देसी अंदाज को देखकर महिला श्रमिकों ने भी खुशी जताई और उनके लिए लोकगीत गाए, जिससे माहौल पूरी तरह ग्रामीण संस्कृति में रंग गया।
भोजन के बाद मंत्री दिलावर ने महिला श्रमिकों का धन्यवाद करते हुए हाड़ौती बोली में कहा, “घणी चौखी साग बनाई री बाई, मारी घरवाली ने भी सिखाओगी के?” मंत्री की इस सहज और मजाकिया टिप्पणी पर महिलाएं खिलखिलाकर हंस पड़ीं। इसके बाद उन्होंने सरकार के दो वर्ष पूरे होने पर चलाई जा रही विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी।
मंत्री दिलावर ने महिलाओं से पूछा कि उन्हें मुफ्त गेहूं योजना का लाभ मिल रहा है या नहीं। साथ ही प्रधानमंत्री आवास योजना और मुफ्त शौचालय योजना की स्थिति के बारे में भी जानकारी ली। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी महिलाओं के सम्मान, स्वाभिमान और सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रहे हैं, इसी उद्देश्य से घर-घर शौचालय बनाए जा रहे हैं।
ग्रामीण सेवा फॉलो-अप शिविरों को लेकर मंत्री ने कहा कि इन शिविरों में किसी भी प्रकार का भेदभाव नहीं किया गया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि चाहे किसी ने भाजपा को वोट दिया हो या कांग्रेस को, सभी के कार्य समान रूप से किए गए हैं। आमजन की समस्याओं के समाधान में कोई पक्षपात नहीं हुआ है।
मंत्री दिलावर ने दावा किया कि रामगंजमंडी क्षेत्र में आयोजित शिविरों में करीब 99 प्रतिशत मामलों का निस्तारण कर दिया गया है। केवल वही प्रकरण लंबित हैं, जिनमें कानूनी अड़चनें हैं। उन्होंने कहा कि भाजपा की सरकार कागजों तक सीमित न रहकर जनता के बीच जाकर समस्याओं का समाधान कर रही है।


