सार्वजनिक निर्माण विभाग एवं महिला एवं बाल विकास विभाग की राज्यमंत्री तथा चित्तौड़गढ़ जिले की प्रभारी मंत्री डॉ. मंजू बाघमार ने शुक्रवार को जिला परिषद सभागार में जिला स्तरीय अधिकारियों की बैठक लेकर वंदे गंगा जल संरक्षण जन अभियान, राज्य बजट घोषणाओं, फ्लैगशिप योजनाओं एवं विभिन्न विभागीय कार्यों की समीक्षा की।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए, निरंतर मॉनिटरिंग करे एवं जन-जागरूकता गतिविधियां संचालित की जाएं।
प्रभारी मंत्री ने वंदे गंगा जल संरक्षण जन अभियान के अंतर्गत चित्तौड़गढ़ जिले में संचालित गतिविधियों की समीक्षा करते हुए जल संरक्षण, पर्यावरण संवर्धन एवं जनभागीदारी को बढ़ावा देने पर विशेष जोर दिया। उन्होंने कहा कि जल संरक्षण वर्तमान समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है और इसके लिए सभी विभागों को समन्वित प्रयास करने होंगे। अभियान के माध्यम से आमजन को जल बचाने एवं पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक करने की आवश्यकता है।
बैठक में वर्तमान भीषण गर्मी को देखते हुए प्रभारी मंत्री ने सभी विभागों को अलर्ट मोड पर कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग, विद्युत विभाग एवं चिकित्सा विभाग को आमजन के लिए पेयजल, विद्युत एवं स्वास्थ्य सेवाओं की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश प्रदान किए।
चित्तौड़गढ़ जिला कलक्टर डॉ. मंजू ने जिले में संचालित विभिन्न विकास कार्यों, राज्य सरकार की योजनाओं एवं वंदे गंगा अभियान के तहत आयोजित गतिविधियों की विस्तृत जानकारी प्रस्तुत की। उन्होंने बताया कि जिले में विभिन्न विभागों के माध्यम से जल संरक्षण एवं जन-जागरूकता से संबंधित कार्यक्रम निरंतर आयोजित किए जा रहे हैं।
प्रभारी मंत्री डॉ. मंजू बाघमार ने गंभीरी नदी तट पर आयोजित कार्यक्रम में गंगा पूजन एवं आरती कर जल संरक्षण का संदेश दिया। इस अवसर पर उपस्थित जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों एवं आमजन को जल संरक्षण एवं पर्यावरण संवर्धन की शपथ भी दिलाई गई। उन्होंने कहा कि जल बचाना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है और जनभागीदारी से ही जल संरक्षण अभियान को सफल बनाया जा सकता है।




