मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास ने कहा कि राज्य सरकार निष्पक्ष एवं विश्वसनीय परीक्षा प्रणाली के प्रति प्रतिबद्ध है तथा पेपर लीक के लिए ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति के साथ कार्य किया जाए, ताकि स्थापित विश्वास को अक्षुण्ण रखा जा सके। मुख्य सचिव ने उप-निरीक्षक भर्ती परीक्षा-2025 को निष्पक्ष एवं पारदर्शी ढंग से आयोजन को लेकर सचिवालय में उच्चस्तरीय समीक्षा करते हुए निर्देश दिए कि परीक्षा प्रक्रिया को सुदृढ़ निगरानी और कड़े सुरक्षा प्रबंधों के साथ संपन्न कराया जाए। 5-6 अप्रैल को होने वाली परीक्षा राज्य के 1174 केंद्रों पर आयोजित होगी, जिसमें लगभग 7.70 लाख अभ्यर्थी शामिल होंगे।
मुख्य सचिव द्वारा प्रस्तावित परीक्षा के लिए सभी स्तरों पर समन्वित एवं उत्तरदायी व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। उन्होंने संबंधित संभागीय आयुक्तों, जिला कलेक्टर्स एवं पुलिस अधिकारियों को निर्देशित किया कि परीक्षा केंद्रों पर सतत निगरानी, प्रभावी कानून-व्यवस्था और समयबद्ध समन्वय सुनिश्चित करते हुए किसी भी प्रकार की शिथिलता न रहे। उन्होंने निर्देश दिए कि प्रश्न पत्रों की गोपनीयता को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए उनके सुरक्षित भंडारण, परिवहन एवं समयबद्ध वितरण तथा संदिग्ध व्यक्तियों को सूचीबद्ध कर निगरानी रखने, डमी अभ्यर्थियों को रोकने की पुख्ता व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। प्रत्येक परीक्षा केंद्र पर वीडियोग्राफी, फ्लाइंग स्क्वॉड की सक्रियता के लिए वरिष्ठ अधिकारियों की निगरानी अनिवार्य रूप से सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए।
उन्होंने निर्देश दिए कि परीक्षा केंद्रों के 100 मीटर के दायरे में साइबर कैफे एवं ई-मित्र केंद्रों को परीक्षा अवधि के दौरान बंद रखा जाए तथा किसी भी प्रकार के इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के उपयोग पर पूर्ण प्रतिबंध प्रभावी रूप से लागू किया जाए। अभ्यर्थियों की पहचान सुनिश्चित करने के लिए क्यूआर कोड युक्त प्रवेश पत्र, फोटो पहचान एवं वीडियो रिकॉर्डिंग जैसे बहु-स्तरीय उपायों को सख्ती से लागू करने के निर्देश दिए।
बैठक में पुलिस महानिदेशक राजीव कुमार शर्मा ने परीक्षा को अत्यंत संवेदनशील बताते हुए कहा कि इसकी योजना गंभीरता के साथ बनाई जाए तथा पर्यवेक्षी अधिकारियों का चयन किया जाए। राजस्थान लोक सेवा आयोग के सदस्य श्री हेमंत प्रियदर्शिनी ने इसे राज्य की अत्यंत महत्वपूर्ण परीक्षा बताते हुए पुराने अनुभवों से सीख लेकर इस बार ‘जीरो टॉलरेंस’ के तहत शत-प्रतिशत अनुपालना सुनिश्चित करने पर बल दिया। राजस्थान लोक सेवा आयोग के सचिव श्री रामनिवास मेहता ने अवगत कराया कि परीक्षा राज्य के 41 शहरों में 1174 केंद्रों पर आयोजित होगी, जिसमें लगभग 7.70 लाख अभ्यर्थी सम्मिलित होंगे।
बैठक में पुलिस महानिदेशक (एसओजी एवं एटीएस), पुलिस महानिदेशक कानून एवं व्यवस्था, सभी संभागीय आयुक्त, संबंधित जिलों के जिला कलेक्टर, पुलिस आयुक्त जयपुर एवं जोधपुर, संबंधित जिलों के पुलिस अधीक्षक तथा जिला शिक्षा अधिकारी सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।


