राजस्थान सरकार ने मंगलवार रात बड़ा प्रशासनिक फैसला लेते हुए 65 आईएएस अधिकारियों के तबादले कर दिए। इस बड़े फेरबदल में मुख्यमंत्री कार्यालय (CMO) से लेकर जिला स्तर तक व्यापक बदलाव देखने को मिले हैं। खास बात यह है कि राज्य के 25 जिलों के कलेक्टर भी बदले गए हैं, जिससे प्रशासनिक व्यवस्था में नई ऊर्जा और बदलाव की उम्मीद जताई जा रही है।
इस फेरबदल में जयपुर कलेक्टर डॉ. जितेंद्र सोनी को मुख्यमंत्री का सचिव नियुक्त किया गया है। वहीं, मुख्यमंत्री के विशिष्ट सचिव संदेश नायक को जयपुर का नया कलेक्टर बनाया गया है। इसके अलावा, विशिष्ट सचिव अरविंद कुमार पोसवाल को हाउसिंग बोर्ड का आयुक्त बनाया गया है।

सीकर के पूर्व कलेक्टर मुकुल शर्मा, जो वन मंत्री संजय शर्मा के साथ विवाद के कारण चर्चा में आए थे, उन्हें मुख्यमंत्री कार्यालय में विशिष्ट सचिव के पद पर नियुक्त किया गया है। गौरतलब है कि पिछले वर्ष सेवा शिविर के दौरान कर्मचारियों की उपस्थिति को लेकर दोनों के बीच तीखी बहस हुई थी, जिसका वीडियो भी वायरल हुआ था और इस पर राजनीतिक बयानबाजी भी तेज हो गई थी।

इस बड़े प्रशासनिक बदलाव में चर्चित आईएएस अधिकारी टीना डाबी का नाम भी शामिल है, जिन्हें बाड़मेर से टोंक जिले का कलेक्टर बनाया गया है। वहीं उनकी बहन रिया डाबी को उदयपुर जिला परिषद के सीईओ पद से हटाकर मुख्यमंत्री कार्यालय में ओएसडी नियुक्त किया गया है।

इसके अलावा, डीग कलेक्टर उत्सव कौशल को मुख्यमंत्री का संयुक्त सचिव बनाया गया है। किशनगढ़ एसडीएम रजत यादव, भीलवाड़ा एसडीएम अक्षत कुमार सिंह और अमिता शर्मा को भी मुख्यमंत्री के ओएसडी के रूप में नियुक्त किया गया है।

अन्य प्रमुख बदलावों में केएल स्वामी को जोधपुर का संभागीय आयुक्त बनाया गया है, जबकि नकाते शिवप्रसाद मदन को अक्षय ऊर्जा निगम का एमडी नियुक्त किया गया है। उदयपुर कलेक्टर नमित मेहता को आबकारी आयुक्त की जिम्मेदारी दी गई है।
इस व्यापक प्रशासनिक फेरबदल को राज्य सरकार का बड़ा कदम माना जा रहा है, जिसका उद्देश्य शासन-प्रशासन को अधिक प्रभावी, पारदर्शी और जवाबदेह बनाना है।


